पृथ्वी शॉ के पूर्व साथी मनजोत कालरा ने खरीदी लंका प्रीमियर लीग की सबसे सफल टीम
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क्रिकेट से व्यावसायिक दुनिया तक: मनजोत कालरा की नई पारी
क्रिकेट के खेल ने अनगिनत युवाओं को एक नई पहचान और आर्थिक स्थिरता प्रदान की है। विशेष रूप से इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के आने के बाद, खिलाड़ियों का जीवन पूरी तरह से बदल गया है। हार्दिक पांड्या, पृथ्वी शॉ, रवींद्र जडेजा और रिंकू सिंह जैसे नाम इस बदलाव के जीवंत उदाहरण हैं। इन खिलाड़ियों के लिए आईपीएल अनुबंध महज एक सौदा नहीं, बल्कि उनके करियर के लिए एक संजीवनी साबित हुआ है।
साल 2018 में न्यूजीलैंड में खेले गए आईसीसी अंडर-19 विश्व कप में भारत की खिताबी जीत ने कई सितारों को जन्म दिया। इस टूर्नामेंट के तुरंत बाद, दिल्ली फ्रेंचाइजी (तब दिल्ली डेयरडेविल्स, अब दिल्ली कैपिटल्स) ने पृथ्वी शॉ, अभिषेक शर्मा और मनजोत कालरा जैसे प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को अपनी टीम में शामिल किया।

मनजोत कालरा का उदय और चुनौतियां
मनजोत कालरा उस समय चर्चा में आए थे जब उन्होंने अंडर-19 विश्व कप के फाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ शानदार शतक जड़ा था। पूरे टूर्नामेंट में उन्होंने 84.00 की औसत से 252 रन बनाए थे। हालांकि, उनका आईपीएल करियर वैसा नहीं रहा जैसा उन्होंने सोचा था। साल 2020 में, बीसीसीआई द्वारा आयु धोखाधड़ी (age-fraud) के आरोपों के कारण उन्हें एक वर्ष के लिए निलंबित कर दिया गया, जिसने उनके करियर पर गहरा असर डाला। हालांकि दिल्ली एंड डिस्ट्रिक्ट क्रिकेट एसोसिएशन (DDCA) ने बाद में उन पर से प्रतिबंध हटा लिया, लेकिन वे फिर से उस फॉर्म और लय को हासिल नहीं कर पाए।
जाफना किंग्स के नए मालिक
क्रिकेट के मैदान से दूर होने के बाद, मनजोत कालरा ने ‘सेकंड इनिंग्स विद मनजोत कालरा’ नामक एक यूट्यूब चैनल के जरिए क्रिकेट प्रशंसकों से जुड़ना जारी रखा। अब, उन्होंने उद्यमी मयंक गोयल के साथ मिलकर लंका प्रीमियर लीग (LPL) की सबसे सफल फ्रेंचाइजी ‘जाफना किंग्स’ का अधिग्रहण कर लिया है।
इस अधिग्रहण पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कालरा ने कहा, “जाफना किंग्स एक ऐसी फ्रेंचाइजी है जिसकी अपनी मजबूत पहचान है और इसके पीछे प्रशंसकों का एक बड़ा वर्ग है। हमारे लिए, यह क्रिकेट के प्रति हमारे अनुभव, युवा जुड़ाव और खेल सामग्री के निर्माण के माध्यम से टीम की यात्रा को अगले चरण तक ले जाने का एक बेहतरीन अवसर है।”
जाफना किंग्स का गौरवशाली इतिहास
जाफना किंग्स ने लंका प्रीमियर लीग के इतिहास में शानदार प्रदर्शन किया है। लीग के पांच सीजन में से चार बार खिताब अपने नाम कर चुकी यह टीम हमेशा से ही लीग की सबसे मजबूत दावेदार रही है। इस फ्रेंचाइजी का इतिहास उतार-चढ़ाव भरा रहा है। वर्ष 2020 में ‘जाफना स्टैलियन्स’ के नाम से शुरू हुई यह टीम वित्तीय मुद्दों के कारण बंद हो गई थी। इसके बाद, 2021 में ‘लाइका ग्रुप’ ने इसका अधिग्रहण किया और चार सीजन तक इसे संभाला, लेकिन एलपीएल 2025 से ठीक पहले अनुबंध संबंधी दायित्वों को पूरा न कर पाने के कारण उन्हें बाहर कर दिया गया।
अब, मनजोत कालरा और मयंक गोयल की ‘स्पोर्ट्स कम्यून’ (Sports Commune) ने इस फ्रेंचाइजी की कमान संभाली है। लंका प्रीमियर लीग 2026 की शुरुआत 8 जुलाई से 8 अगस्त तक होगी, और खिलाड़ियों का ड्राफ्ट 23 मई को निर्धारित किया गया है। क्रिकेट जगत की नजरें अब इस बात पर टिकी हैं कि मनजोत कालरा के स्वामित्व में जाफना किंग्स का प्रदर्शन आगामी सीजन में कैसा रहता है।
यह बदलाव न केवल मनजोत कालरा के लिए एक नई शुरुआत है, बल्कि लंका प्रीमियर लीग के लिए भी एक नया अध्याय है। एक खिलाड़ी से मालिक तक का उनका यह सफर कई उभरते हुए क्रिकेटरों के लिए प्रेरणा का स्रोत हो सकता है।