Bangladesh have got a really good pace bowling attack: Labuschagne
बांग्लादेश की घातक गेंदबाजी का लोहा मान रहे हैं ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज
पिछले कुछ समय से बांग्लादेश के तेज गेंदबाज शानदार फॉर्म में हैं और उनकी लगातार बेहतर होती गेंदबाजी ने दुनिया भर के क्रिकेट विशेषज्ञों का ध्यान अपनी ओर खींचा है। हाल ही में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ चल रही वनडे सीरीज में तस्कीन अहमद, मुस्तफिजुर रहमान, शोरिफुल इस्लाम और नाहिद राणा की चौकड़ी ने अपने प्रदर्शन से सभी को प्रभावित किया है।
गेंदबाजी आक्रमण टीम की सबसे बड़ी ताकत
तस्कीन अहमद ने नई गेंद के साथ बेहद प्रभावशाली गेंदबाजी की है। वे लगातार शुरुआती विकेट चटकाकर विपक्षी टीम पर दबाव बनाने में सफल रहे हैं। उनके इस शानदार प्रदर्शन का फायदा बाकी गेंदबाजों को भी मिलता है, जिससे बांग्लादेश की टीम विपक्षी बल्लेबाजों पर पूरी तरह से हावी रहती है। घर पर लगातार चार वनडे सीरीज जीतकर बांग्लादेश ने साबित कर दिया है कि उनकी तेज गेंदबाजी इकाई अब किसी भी बड़े टूर्नामेंट में किसी भी टीम को कड़ी चुनौती देने में सक्षम है। वेस्टइंडीज, न्यूजीलैंड और पाकिस्तान के खिलाफ मिली जीत के बाद ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सीरीज जीतना उनकी बढ़ती ताकत का प्रमाण है।
लाबुशेन ने की तारीफ
ऑस्ट्रेलियाई टीम के प्रमुख बल्लेबाज मार्नस लाबुशेन ने तीसरे वनडे से पहले कहा, ‘Bangladesh have got a really good pace bowling attack: Labuschagne‘। उन्होंने स्वीकार किया कि ऑस्ट्रेलिया ने बांग्लादेश को बिल्कुल भी हल्के में नहीं लिया था। लाबुशेन के अनुसार, ‘हमने पीएसएल में शोरिफुल, राणा और मुस्तफिजुर जैसे खिलाड़ियों को देखा है, इसलिए हम जानते थे कि वे कितने घातक हो सकते हैं। दुर्भाग्य से, इस सीरीज में हमारी योजनाएं उनके सामने ठीक से काम नहीं कर पाईं।’
पाक सीरीज से मिली सीख
लाबुशेन ने पाकिस्तान के खिलाफ बांग्लादेश की ऐतिहासिक टेस्ट सीरीज जीत का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि बांग्लादेश की टीम ने हाल के दिनों में जिस तरह का खेल दिखाया है, वह काबिले तारीफ है। उन्होंने आगे कहा, ‘हमें इस बात का पूरा अंदाजा है कि जब बांग्लादेश की टीम ऑस्ट्रेलिया दौरे पर आएगी, तो हमें कितनी जबरदस्त तैयारी की जरूरत होगी। उनकी गेंदबाजी में गति, उछाल और सीम मूवमेंट तीनों ही मौजूद हैं, जो किसी भी विकेट पर काम आ सकती है।’
मैदान पर चूके मौके
मैच के दौरान हुई गलतियों पर बात करते हुए लाबुशेन ने कहा कि कई मौके ऐसे आए जहां ऑस्ट्रेलियाई टीम कैच लेने से चूक गई। उन्होंने स्वीकार किया कि पहले वनडे में उनके द्वारा छोड़ा गया कैच मैच का रुख बदल सकता था। यदि वे शुरुआती पावरप्ले में विकेट निकाल पाते, तो विपक्षी टीम का स्कोर काफी कम हो सकता था। उन्होंने माना कि विकेटों के बीच में गेंदबाजी के दौरान बांग्लादेश के तेज गेंदबाजों ने परिस्थितियों का बेहतरीन फायदा उठाया।
भविष्य की तैयारी
मीरपुर की पिच के बारे में बात करते हुए लाबुशेन ने कहा कि लाहौर की धीमी और स्पिन के अनुकूल पिचों के बाद यहां की गति और उछाल वाली पिच पर खेलना एक सुखद बदलाव था। अगस्त में प्रस्तावित ऑस्ट्रेलिया दौरे से पहले यह सीरीज ऑस्ट्रेलिया के लिए एक अच्छा सबक रही है। लाबुशेन ने अंत में कहा, ‘हालांकि हम सीरीज हार चुके हैं, लेकिन इस दौरे से हमने कई छोटी-छोटी चीजें सीखी हैं जो भविष्य में हमारे काम आएंगी। बांग्लादेश की यह टीम अब एक नई ऊंचाई पर है और हमें उनके खिलाफ हर कदम पर सतर्क रहना होगा।’